बहुत सुन्दर और ज्ञान वर्धक प्रसंग... विजय साहू

🔥बहुत सुन्दर और ज्ञान वर्धक प्रसंग...🔥


*पहली बात: हनुमान जी जब संजीवनी बूटी का पर्वत लेकर लौटते है तो भगवान से कहते है:- ''प्रभु आपने मुझे संजीवनी बूटी लेने नहीं भेजा था, बल्कि मेरा भ्रम दूर करने के लिए भेजा था, और आज मेरा ये भ्रम टूट गया कि मैं ही आपका राम नाम का जप करने वाला सबसे बड़ा भक्त हूँ''।*


*भगवान बोले:- वो कैसे ...?*


*हनुमान जी बोले:- वास्तव में मुझसे भी बड़े भक्त तो भरत जी है, मैं जब संजीवनी लेकर लौट रहा था तब मुझे भरत जी ने बाण मारा और मैं गिरा, तो भरत जी ने, न तो संजीवनी मंगाई, न वैध बुलाया।*
*कितना भरोसा है उन्हें आपके नाम पर, उन्होंने कहा कि यदि मन, वचन और शरीर से श्री राम जी के चरण कमलों में मेरा निष्कपट प्रेम हो, यदि रघुनाथ जी मुझ पर प्रसन्न हो तो यह वानर थकावट और पीड़ा से रहित होकर स्वस्थ हो जाए।*
*उनके इतना कहते ही मैं उठ बैठा।*
*सच कितना भरोसा है भरत जी को आपके नाम पर।*


*🔥शिक्षा :- 🔥*
*हम भगवान का नाम तो लेते है पर भरोसा नही करते, भरोसा करते भी है तो अपने पुत्रो एवं धन पर, कि बुढ़ापे में बेटा ही सेवा करेगा, धन ही साथ देगा।*
*उस समय हम भूल जाते है कि जिस भगवान का नाम हम जप रहे है वे है, पर हम भरोसा नहीं करते।*
*बेटा सेवा करे न करे पर भरोसा हम उसी पर करते है।*


*🔥दूसरी बात प्रभु...! 🔥*


*बाण लगते ही मैं गिरा, पर्वत नहीं गिरा, क्योकि पर्वत तो आप उठाये हुए थे और मैं अभिमान कर रहा था कि मैं उठाये हुए हूँ।*
*मेरा दूसरा अभिमान भी टूट गया।*


*🔥शिक्षा :- 🔥*
*हमारी भी यही सोच है कि, अपनी गृहस्थी का बोझ को हम ही उठाये हुए है।*
*जबकि सत्य यह है कि हमारे नहीं रहने पर भी हमारा परिवार चलता ही है।*


*जीवन के प्रति जिस व्यक्ति कि कम से कम शिकायतें है, वही इस जगत में अधिक से अधिक सुखी है।*
 *🔥जय श्री सीताराम जय श्री बालाजी🔥*


*लेख को पढ़ने के उपरांत जनजागृति हेतु साझा अवश्य करे।*
*ये राम नाम बहुत ही  सरल सरस ,मधुर,ओरअति मन भावन है मित्रो----- जिंदगी के साथ भी ओर जिंदगी के बाद भी*
          *⛳जय श्री राम⛳*


Popular posts
अगर आप दुख पर ध्यान देंगे तो हमेशा दुखी रहेंगे और सुख पर ध्यान देंगे तो हमेशा सुखी रहेंगे
Image
मध्यप्रदेश के मेघनगर (झाबुआ) में मिट्टी से प्रेशर कुकर बन रहे है
Image
कान्हावाड़ी में बनेगी अनूठी नक्षत्र वाटिका, पूर्वजों की याद में लगायेंगे पौधे* *सांसद डीडी उइके एवं सामाजिक कार्यकर्ता मोहन नागर ने कान्हावाड़ी पहुँचकर किया स्थल निरीक्षण
Image
भगवान पार ब्रह्म परमेश्वर,"राम" को छोड़ कर या राम नाम को छोड़ कर किसी अन्य की शरण जाता हैं, वो मानो कि, जड़ को नहीं बल्कि उसकी शाखाओं को,पतो को सींचता हैं, । 
Image
छिंदवाड़ा शहर में  एक प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र भी है